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रविवार, 30 जून 2013

"जम्मू -काश्मीर में "उग्रवाद और आपदा "{ज्योतिष -विशेष -13+14}

"जम्मू -काश्मीर में "उग्रवाद और आपदा "{ज्योतिष -विशेष -13+14}
---जम्मू -काश्मीर -इस राज्य की नाम राशि मकर तथा प्रभाव राशि तुला है । संवत 2070-अर्थात {13 +14 सन }में राहु +शनि दोनों संवत के शुरू से अंत तक तुला राशी में ही रहेंगें ।
     ------गोचर ग्रहस्थिति के अनुसार 7 जुलाई 13 तक एवं 18 -अगस्त से 4 अक्तूबर 13 तक इस राज्य में भयंकर प्राकृतिक आपदा एवं भीषण उग्रवाद्जन्य विस्फोटक स्थिति से भारी जनधन की हानि हो सकती है । सीमा प्रान्तों पर आपसी झडपों से अशांति रहेगी । टूरिज्म {दर्शनाभिलाषी }को बढ़ावा देने के बावजूद इस राज्य की आर्थिक -राजनैतिक -सामाजिक स्थिति चिंतनीय रहेगी ।
       ------आगे फरवरी 2014 से संवत 2070 के अंत तक भी यह राज्य उग्रवाद एवं आपदाओं से पीड़ित ही रहेगा । ऐसा गोचर ग्रहस्थिति से अनुभव होता है । -----सर्वग्य तो प्रभु ही हैं ।
    ---प्रेषकः पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री -मेरठ -भारत
    ज्योतिष परामर्श निःशुल्क एकबार सभी मित्रों को अवश्य मिलेगी --समय -रात्रि -8 से 9.30 तक हेल्पलाइन से -09897701636+09358885616 ----!

शनिवार, 29 जून 2013

"हिमाचल प्रदेश में -महाभारत {ज्योतिष-विशेष-13+14 }

"हिमाचल प्रदेश में -महाभारत {ज्योतिष-विशेष-13+14 }
----हिमाचल प्रदेश ---इस राज्य की नाम राशि कर्क है तथा प्रभावी राशि मीन है । 31-मई 2013को गुरु मिथुन राशि में आकर शनि +राहु को प्रभावित किया है तथा आगे 18-अगस्त से 4 अक्तूबर तक शनि +मंगल की परस्पर विशेष दृष्टि यहाँ पर पड़ेगी जिससे राजनीति में विस्फोटक स्थिति बनेगी ।
----हिमाचल प्रदेश राजनीति का कुरुक्षेत्र बनेगा । कांग्रेस +भाजपा द्वारा महाभारत प्रारम्भ होगा । गोचर ग्रहस्थिति के अनुसार भाजपा का अंतर्कलह पार्टी के खेल को बिगाड़ सकता है ।
        --लेकिन 8 -जुलाई 2013से विशेषतः 18-अगस्त से 4 -अक्तूबर -13-तक इस प्रान्त की राजनीति विस्फोटक स्थिति में आ जाएगी । अतः भाजपा +कांग्रेस को स्थिति के अनुसार तारतम्य से आगे बढ़ना होगा ।
       ---स्वास्थ -सेवा .बिजली सस्ती ,बागवानी की समृधिपद योजनाओं से इस प्रान्त की स्थिति बेहतर नहीं लगेगी जिसका लाभ विपक्ष को मिल सकता है ।
          प्रेषकः ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ- भारत }
निःशुल्क ज्योतिष का लाभ एकबार अवश्य प्राप्त करें -रात्रि 8 से 9 .30 में {मित्र बनकर }-09897701636 ----

शुक्रवार, 28 जून 2013

"महामहिम श्री प्रणव मुखर्जी "राष्ट्रपति "{ज्योतिष की एक दृष्टि}?"

"महामहिम श्री प्रणव मुखर्जी "राष्ट्रपति "{ज्योतिष की एक दृष्टि}?"
   महामहिम श्री प्रणव मुखर्जी महाभाग {राष्ट्रपति भारत गणतंत्र }
----महामहिम श्री प्रणवमुखर्जी दादा जी का जन्म -मिराती {वीरभूमि }वेस्ट बंगाल में 11-दिसंबर 1935को मिथुन लग्न में हुआ था । तदनुसार भाग्येश शनि भाग्य स्थान में है जो भाग्य के धनि हैं दादाजी । तथा कर्मेश -गुरु की कर्मस्थान पर भी विशेष दृष्टि है जो दादाजी को कर्मठ भी बनता है ।
       इस समय दादाजी की कुंडली में शुक्र की महादशा और राहु के अंतर में गुरु के प्रत्यंतर में दादाजी को राष्ट्रपति का पद मिला है । शुक्र में शनि का अंतर एवं बुध का प्रत्यंतर 3 -नवम्बर 2013-तक प्रभावी रहेगा । इस समयावधि में दादाजी को अच्छे राजनैतिक कर्तव्य निभाने होंगें और आप निभायेंगें भी।
       ---शुक्र में राहु के अंतर एवं केतु के प्रत्यंतर {6 -जनवरी -2014 }तक भारतीय गणतंत्र की गरिमा को उजागर रखने के लिए कुछ कठोर पग भी उठाने पड़ सकते हैं ,जिन्हें दादाजी महत्वपूर्ण ढंग से निभायेंगें । इसके बाद की ग्रहस्थिति दादाजी की सेहत के लिए उपयुक्त नहीं नहीं रहेगी अर्थात स्वास्थ के प्रति विशेष सावधानी रखनी होगी । आप जैसे सुयोग्य व्यक्ति के संरक्षण में भारत और भारतीय विशेष गरिमा को प्राप्त करेंगें ।
       प्रेषकः -ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ -भारत }
 प्रबंधक -पंडत कन्हैयालाल झा शास्त्री -निःशुल्क ज्योतिष सेवा एकबार कोई भी मित्र बनकर अवश्य प्राप्त
करें-रात्रि -8 से 9.30 में हेल्पलाइन से -09897701636 -----

गुरुवार, 27 जून 2013

"पंजाब प्रान्त+अकाली और भाजपा {ज्योतिष -विशेष -2013+14}

"पंजाब प्रान्त+अकाली और भाजपा {ज्योतिष -विशेष -2013+14}
-----पंजाब राज्य की प्रभाव राशि मीन है ,तथा नाम राशि कन्या है ।  गोचर ग्रहों के अनुसार संवत -2070-के शुरू से शनि +राहु तुला राशि में एक साथ हैं --तथा -संवत के शुरू 22 मई तक और 18-अगस्त से 4 -ओक्टूबर सन -13 -तक शनि का मंगल के साथ दशम +चतुर्थ सम्बन्ध होने के कारण यहाँ के शासकों के समक्ष भरी चुनोतियों को उपस्थित करेगा ।
      ---अकाली +भाजपा सरकार की कारगुजारी निराशा जनक रहेगी । वित्तीय -संकट सरकार पर भारी पड़ेगा । कृषि सम्बन्धी नई विविधताओं को अपनाने के लिए नई योजना बनेंगी । किसानों को एग्रो -फोरेष्ट्री की तरफ ध्यान देने पर भी सरकार ध्यान दिलाएगी ताकि जल की कमी एवं बिजली संकट का सामना किया जा सके ।
       ---पंजाब राज्य में --नए टैक्सों से जनता में आक्रोस बढेगा । औधौगिक क्षेत्रों की स्थिति भी भारी संकट में आ सकती है । कुछ जिलों में उग्रवादी अपनी उपस्थिति जाहिर भी कर सकते हैं .जो कि जनता में क्षोभ उत्पन्न कर सकता है । 26-नवम्बर -13-से आगे फरवरी -2014 से संवत के अंत तक का समय पंजाब राज्य की स्थिति तथा राजनीतिज्ञों के लिए संकट युक्त होगा ।
    प्रेषकः -ज्योतिष सेवा सदन -{मेरठ -भारत }
            निःशुल्क ज्योतिष सेवा एकबार मित्रता से प्राप्त करें रात्रि -8 से 9.30 में हेल्पलाइन के द्वारा किन्तु ऑनलाइन होना जरुरी है । भारत में हैं तो फ़ोन से जानकारी प्राप्त करें -------विदेशों में है तो स्काइप से वीडियो पर प्राप्त करें ।स्काइप- आईडी >ज्योतिष .सेवा .सदन<  फ़ोन सुविधा -0977701636 ------दुबारा ज्योतिष जानकारी सदस्य बनकारी ही प्राप्त कर सकते हैं आजीवन शुल्क -1100 ---पर व्यक्ति ॥

बुधवार, 26 जून 2013

"हरियाणा और श्री ओमप्रकाश चौटालाजी {विशेष =13+14}

"हरियाणा और श्री ओमप्रकाश चौटालाजी {विशेष =13+14}
-----हरियाणा राज्य के विपक्ष के नेता श्री ओमप्रकाश चौटाला साहिब जी की जन्मकालिक ग्रहस्थिति तथा गोचर ग्रहस्थिति के अनुसार राजनैतिक दृष्टि से ये सत्तारुढ़दल पर आक्रामक रहेंगें एवं इनका वर्चस्व काफी बढेगा ,जिससे सत्तारूढ़ दल चिंतित होगा । फरवरी -2014 से 2070 संवत के अंत तक का समय हरियाणा राज्य के लिए विशेष कठिन परिस्थितियों वाला रहेगा ।
   ------हरियाणा प्रदेश की प्रभाव राशि मीन एवं नाम राशि मिथुन है । यह वर्ष {संवत }राजनैतिक दृष्टि से विशेष उथल -पुथल वाला होगा । अगस्त 2013 से अक्तूबर तक -शनि +मंगल का दशम +चतुर्थ सम्बन्ध यहाँ राजनैतिक माभारत का रूप लेगा । कांग्रेस .इनेलो एवं हरियाणा विकास पार्टी में सत्ता संघर्ष जोर पकड़ने लगेगा । लेकिन कांग्रेस यहाँ अपना दबदबा बनाये रखेगी । विकास कार्यों के लिए नई योजनायें कार्यान्वित होगी । कृषि की दृष्टि से यहाँ नई योजनायें बनेंगीं एवं विद्युत् उत्पादन क्षेत्र में नए थर्मलप्लान्ट लगाकरसमृद्धि की ओर यह प्रान्त अग्रसर होगा ।
   ------प्रेषकः ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ -भारत }
          प्रबन्धक -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री -निःशुल्क ज्योतिष सेवा मित्र  बनकर रात्रि के समय एकबार अवश्य प्राप्त करें -हेल्प लाइन --9897701636 -----

शुक्रवार, 21 जून 2013

"सभी ज्योतिष प्रेमियों का "ज्योतिष सेवा सदन" में हार्दिक स्वागत है ?"

"सभी ज्योतिष प्रेमियों का "ज्योतिष सेवा सदन" में हार्दिक स्वागत है ?"
{१}-ज्योतिष सेवा मित्रता से ही एकबार रात्रि -8 से 9.30 मिलेगी किन्तु ज्योतिष जानकारी भारत में रहते हैं तो फ़ोन से ही प्राप्त कर सकते हैं । इसके लिए ऑनलाइन होना अनिवार्य है ।
{२}विदेशो में रहते हैं --तो स्काइप पर एकबार निःशुल्क प्राप्त कर सकते हैं -आईडी-{ज्योतिष.सेवा.सदन }
      {३}--आप हमें सूचना न दें ,ऑनलाइन देखते ही -भारत में रहने वाले दोस्त -ज्योतिष जानकारी फ़ोन से निःशुल्क एकबार प्राप्त करें ,तथा विदेशों के मित्र फ्री ज्योतिष जानकारी एकबार स्काइप पर या फ़ोन से  प्राप्त करें । ---दुबारा ज्योतिष जानकारी केवल सदस्यों को ही मिलेगी । सदस्य आप स्वेच्छा से ही बनें इसके लिए आपको उकसाया नहीं जायेगा ।
   -----नोट किसी सदस्यों अथवा मित्रों को कोई शिकायत हो तो फ़ोन से सुझाब दें हम सुझाब को अमल करने क कोशिश करेंगें ।

    भवदीय --ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ -भारत }
    प्रबंधक -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री {मेरठ -उत्तर प्रदेश }
     शिक्षा -मुम्बादेवी संस्कृत महाविद्यालय गिरी गाव चौपाटी -{मुम्बई -महाराष्ट्र }1991+94-भारतीय विद्या भवन । संपर्क सूत्र -09897701636+09358885616-----स्काइप आईडी ----ज्योतिष .सेवा .सदन मेरठ -इंडिया ।

शुक्रवार, 7 जून 2013

"ज्योतिष सेवा सदन क्या उम्मीद करें ?"

"ज्योतिष सेवा सदन क्या उम्मीद करें ?"
{-ज्योतिष निःशुल्क जानकारी प्रत्येक रात्रि -8 से 9.30 तक मिलती है किन्तु इसके लिए दोस्त बनना अनिवार्य है । दोस्त -सन 1990-तक जन्मे हुए लोग ही बन सकते हैं । दोस्त कोई भी बन सकते है जिनको -हिंदी ,संस्कृत ,आती हो चाहे देश में रहते हों या विदेशों में ! ज्योतिष सेवा सदन से अवश्य जुड़ें एकबार निःशुल्क ज्योतिष जानकारी अवश्य प्राप्त करें }। 
  {१}- निःशुल्क ज्योतिष जानकारी एकबार रात्रि -8 से 9.30 में ही मिलेगी -इसके लिए ऑनलाइन होना अनिवार्य है -ताकि हमें पत्ता हो कि हमने ज्योतिष जानकारी किसको दी है और किसको नहीं दी है ।
   {२}-दुबारा ज्योतिष जानकारी या समयानुसार ज्योतिष जानकारी केवल 100 सौ रूपये देकर भी प्राप्त कर सकते हैं {प्रति व्यक्ति }ये शुल्क नहीं लागत ली जायेगी । ये सौ रूपये एयरटेल मणि -9897701636-में जमा करके तत्काल इसी नंबर पर सुविधा भी मिलेगी ।
{३}-आजीवन सदस्यता से आजीवन ज्योतिष जानकारी निःशुल्क प्राप्त कर सकते हैं किन्तु ये समस्त
जानकारी -सुचना के द्वारा नहीं संपर्क सूत्र द्वारा या वीडियो चैट के द्वारा ही मिलेगी ।
{४}-कृपया ध्यान दें हमसे कोई भी जानकारी चाहते हैं तो केवल फ़ोन से ही प्राप्त कर सकते हैं या वीडियो चैट पर अन्यथा जानकारी की उम्मीद न करें ।
{५}-आजीवन ज्योतिष जानकारी प्रति व्यक्ति शुल्क -1100 हैं ---जुड़ने से पहले पढ़ें ,समझें तब जुड़ें ।
          प्रबंधक -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री {ज्योतिष सेवा सदन }कृष्णपुरी धर्मशाला देहली गेट मेरठ ।
                                  हेल्प लाइन -+919897701636 +919358885616

शनिवार, 1 जून 2013

"क्या!"शनि" की दृष्टि से अकुलायेंगें लोग और हिलेगी पृथ्वी ?"

"क्या!"शनि" की दृष्टि से अकुलायेंगें लोग और हिलेगी पृथ्वी ?"
----इस वर्ष "शनि "संवत -2070--{अर्थात 13+14} के प्रारंभ से संवत के अंत तक तुला राशि में ही रहेगा । अतः तुला राशि में स्थित शनि की विशेष दृष्टि पश्चिम {पश्चिमी -देशों }की तरफ रहेगी । इसलिए संवत 2070-में पश्चिमी प्रान्तों {देश के राज्यों}तथा पश्चिमी देशों में कहीं भयंकर भूकंप ,समुद्रीतूफान,{सुनामी }एवं कहीं शासनतंत्र के विरुद्ध {सत्ता परिवर्तन का क्लेश }आन्दोलन ,ज्वालामुखीविस्फोट,हवाई हादसे अथवा उग्रवाद से भारी जनधन हानि होगी ।
    अस्तु -----भारत की धरती एवं लोग भी इस वर्ष अर्थात इस संवत में शनि की दृष्टि से अप्रभावित नहीं रह सकेंगें । सिंह ,कुम्भ एवं तुला राशि के नेताओं ,उद्योगपतियों ,बड़ी हस्तियों वाले लोगों के लिए यह संवत विशेष उलझनें लेकर उपस्थित हुआ है । कहीं दुर्भिक्ष {विशेष -वर्षा }कहीं बाढ़ से हानि तो कहीं अग्निदाह तो कहीं राजनैतिक उलटफेर अर्थात -सत्ता परिवर्तन भी होगा ।
  -----यथा --"शनैश्चरः क्रमात्पश्यन तत्तद्देशान प्रयेतपीड ।
         दुर्भिक्ष -देश भंगाद्ये विग्रहो राजविडव्रैह । ।
प्रेषकः -ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ भारत }
          निःशुल्क ज्योतिष परामर्श एकबार कोइ भी मित्र रात्रि -8 से 9.30 में ले सकते हैं -हेल्पलाइन के द्वारा -09897701636 +0358885616 -----

ज्योतिष सेवा सदन "झा शास्त्री "{मेरठ } Slideshow Slideshow

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शुक्रवार, 31 मई 2013

"शेयर मार्केट जून -2013{ज्योतिष की दृष्टि में }

"शेयर मार्केट जून -2013{ज्योतिष की दृष्टि में }

 ---माह की शुरुआत में मंगल एवं सूर्य दोनों के प्रभावी होने के कारण मंदी का रुख दिखाई देगा ,किन्तु कुछ अन्तराल के बाद बाजार में तेजी आयेगी । अतः धैर्य से निर्णय लेना उचित रहेगा । दिनांक -4 जून को सूर्यदेव रोहिणी नक्षत्र में होंगें और बाजार का रुख बदलेगा अर्थात स्थिरता दिखाई देगी । 7 से 1 3 -जून में नेप्चून ग्रह के वक्री होने से बाहरी कम्पनिया भारतीय बाजार में प्रवेश करेंगीं जिसके फलस्वरूप -क्रूड ऑयल,पेट्रोल ,डीजल आदि के शेयर्स के दाम बढेंगें । कम्पनियों में सारी विदेशी कम्पनियों के शेयर्स -इन्टेल ,माईक्रोसॉफ्ट,विप्रो इत्यादि के शेयरों में अच्छी तेजी आयेगी । सूर्यदेव की मिथुन संक्रांति दिनांक -14 जून शुक्रवार को होने से -रिलायंस के सभी शेयर्स ,डा० रेडीज ,टाटा ग्रुप ,विप्रो ,डाबर ,बैजनाथ ,बिरला ,सनलाइफ,टाटा ,सत्यम कंप्यूटर ,सिफी आदि के शेयर्स के दम बढेंगें । ये निवेश के योग्य हो सकते हैं । माह के अंतिम सप्ताह 21 जून को हर्शल वक्री होने से बाजार को गिरते -गिरते अनायास उठायेगा । डाबर ,रैनबैक्सी ,मैक्लियाड्स कोर,सिप्ला ,हिंदुस्तान लीवर इत्यादि के शेयरों में तेजी आयेगी । ए,सी,सी ,अम्बुजा सीमेंट,आई .पी .सी .एल ,आई ,बी ,पी ,इन्फोसिस में कुछ उतार -चढाव के बीच कुछ तेजी आ सकती है । आटो मोबाइल ,साफ्टवेयर से सम्बंधित कुछ कम्पनियों में तगड़ी तेजी आयेगी । मास के अंत में शुक्र एवं मंगल के प्रभाव से -दूर संचार .मिडिया ,सूचना प्रोद्योगिकी क्षेत्र से सम्बंधित कम्पनियां ,पुराणी अर्थव्यवस्थाके शेयरों में निवेश करना उपयुक्त रहेगा । टेलीकोम ,साफ्टवेयर ,,स्टील ,नेमलीन ,मुयुचुअल ,रिलायंस ,एल .आई .सी ,यू .टी .आई ,एच .डी एफ .सी ,टाटा ऑयल शेयर्स ,एस बी .आई,गेल मिडकैप ,के शेयर नीचे -ऊपर के बाद स्थिर होंगें ।
  नोट --जून में निवेश हेतु उपयुक्त शेयर्स ---डा .रेडीज ,टाटा ग्रुप ,विप्रो ,डाबर ,यू .टी .आई ,एच डी .एफ .सी ,टाटा ऑयल ,रैनबैक्सी ,मेक्लीयाड्स कोर ।
      प्रेषकः -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री {ज्योतिष सेवा सदन -मेरठ -भारत }
             हेल्पलाइन -09897701636 +09358885616  

गुरुवार, 30 मई 2013

"ज्योतिष सेवा लेना चाहते हैं -पढ़ें और नियम का पालन करें ?"

---"ज्योतिष सेवा लेना चाहते हैं -पढ़ें और नियम का पालन करें ?"
---ज्योतिष सेवा एकबार निःशुल्क सभी मित्रों को मिलेगी । चाहे देश में रहते हों या विदेशों में । किन्तु यह ज्योतिष सेवा मित्रों को ही मिलेगी -मित्र कोई भी बन सकते हैं {फेसबुक} पर--- अगर आप विदेशों में रहते हैं तो ज्योतिष जानकरी वीडियो चैट के द्वारा भी फ्री में एकबार प्राप्त कर सकते हैं ----स्काइप और गूगल पर हमारी अई डी है --ज्योतिष सेवा सदन ---
   {१}-ज्योतिष फ्री जानकारी का समय रात्रि-8 से 9.30 प्रत्येक रात्रि है । कृपया ध्यान दें ज्योतिष जानकारी फ़ोन से ही प्री मिलेगी ।
 {२}-सभी सदस्यों को वीडियो चैट पर या फ़ोन से जानकारी आजीवन मिलेगी जबतक झा शास्त्री हैं । ज्योतिष जानकारी मित्रों को अपनी ही प्री मिलेगी ।
  {३}-सेवा मिलने के बाद दुबारा प्री जानकारी नहीं मिलेगी ,आप ज्योतिष सेवा सदन से जुड़ने के लिए स्वतंत्र हैं ,आपको यकीं हो तो जुड़ें ,अन्यथा  प्री सेवा का लाभ अवश्य प्राप्त करें ।
   {४}-आजीवन सदस्यता शुल्क प्रति व्यक्ति -1100 भारत में रहने वालों के लिए हैं । विदेशों में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति का आजीवन समय सीमा केवल -३ वर्ष है ।
    निवेदक -ज्योतिष सेवा सदन ,प्रबन्धक पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री -कृष्णपुरी धर्मशाला देहली गेट मेरठ -२ उत्तर प्रदेश -भारत --हेल्पलाइन ---9897701636+9358885616 ----कृपया समय के साथ चलें और अनुशासन का पालन करें ।

मंगलवार, 28 मई 2013

"भारतीय प्रमुख "कांग्रेस पार्टी "{ज्योतिष विशेष -संवत -2070}"

"भारतीय प्रमुख "कांग्रेस पार्टी "{ज्योतिष विशेष -संवत -2070}"
----संवत -2070 की गोचर ग्रहस्थिति के अनुसार तुला राशि स्थित -शनि +राहु की कांग्रेस -स्थापना कुंडली में लग्न ,पंचमभाव एवं अष्टमभाव -चन्द्र पर विशेष अर्थात पूर्ण दृष्टि है । तदनुसार इस पार्टी के प्रतिष्ठित -राजनेता विकट  समस्याओं में उलझकर चर्चा का केंद्रबिंदु बने रहेंगें ।
  ----संवत -2070-की प्रारंभिक -ग्रहस्थिति के अनुसार परवरी -13 से 7 जुलाई 13 तक शनि वक्री होकर वक्री ही राहु के साथ तुला राशि में रहेंगें साथ ही 22-मई 13 तक मंगल अतिचारी होकर शनि +राहु के साथ समसप्तक योग भी बनाया था -यह स्थिति कांग्रेस पार्टी के लिए अघटित घटनाओं वाली सिद्ध हुई । आम जनता एवं शासन तंत्र से क्षोभ उत्पन्न भी कराया ।
    -----संवत -2070-में 18 अगस्त से लगभग 5 अक्टूबर 13 तक शनि +मंगल का दशम -चतुर्थ दृष्टि सम्बन्ध भारत की राजनीति में भारी उलटफेर {परिवर्तन }का संकेत है । इस दौरान राजनैतिक पार्टियों की स्वार्थ परकता एवं सत्तालोलुपता  तीसरे मोर्चे का गठन भी करेगी ,जिसका प्रभाव बड़ी पार्टियों पर आंशिक रूप से पड़ेगी लेकिन सत्ता प्राप्ति की महत्वाकांक्षा फलवती नहीं होगी । तीसरा मोर्चा कुछ राजनैतिज्ञों के लिए मृगतृष्णा मात्र सिद्ध होगी । अर्थात त्रिशंकु सरकार ही बनेगी ।
    ---4 फरवरी 14 को मंगल ,शनि ,राहु ये तीनों खलग्रह {शत्रुग्रह }तुला राशि में 24 मार्च 14 तक एकराशि में ही रहेंगें ।  विशेषतः 1 मार्च से 24 मार्च 14 तक मंगल वक्रगति से शनि +राहु के साथ चलेगा। अतः इस समयावधि में {परवरी 13 से मार्च -14तक }कांग्रेस पार्टी के कई दिग्गज नेता जनता को लुभाने के लिए अनेक वायदे करने से जनता का हित {मत } कुछ जरुर प्राप्त करेंगें --परिणाम कांग्रेस के लिए आश्चर्जनक रहेंगें । प्रधानमंत्री के लिए युवा वर्ग या युवराज श्री राहुल गांधीजी आगे आयें तो माता श्रे मति सोनियाजी का योग +श्री राहुलजी का
सुयोग से विशेष योग बन सकता है ।
    {नोट ---कृपया ध्यान दें -हम किसी व्यक्ति विशेष पर कुडली का प्रतिफल करके अपनी ज्योतिष +ज्योतिषी को कसोटी पर कसना चाहते हैं अर्थात योगता प्राप्त करने के बाद परीक्षण +परीक्षा देनी होती है तब वह व्यक्ति सफल हो पाता है ---हमने भी ज्योतिष पढ़ी है अब अपने आप को परीक्षा देकर सफल होना चाहते हैं -ज्योतिष सच है असत्य तो  व्यक्ति हो सकता है अगर हमने ज्योतिष पढ़ी है ये तो हम जानते हैं अगर हमारी ज्योतिषी से किसी को लाभ मिलेगा तभी हम सही ज्योतिषी होंगें इसके लिए हमें तमाम परीक्षाएं देनी होंगीं । इसके लिए सभी मित्रों का सहयोग की आशा है ।
       प्रेषकः -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री {मेरठ -भारत }निःशुल्क ज्योतिष सेवा कोइ भी मित्र बनकर प्राप्त कर सकते है प्रतिरात्रि -8 से9 .30 पर संपर्क हेतु -9897701636 ---!-
  

सोमवार, 27 मई 2013

"भारतीय जनता पार्टी पर ज्योतिष की एक दृष्टि ?"

"भारतीय जनता पार्टी पर ज्योतिष की एक दृष्टि ?"
---संवत 2070 की ग्रहस्थिति के अनुसार इस वर्ष शनि +राहु  तुला राशि में चलेंगें । शनि भाजपा की स्थापना कुंडली में भाग्येश होकर उच्च का है ,कर्मेश गुरु केंदेश होकर 31मई 2013 से मिथुन राशि में आकर संवत 2070 के अंत तक मिथुन में ही रहेगा तथा भाग्येश -शनि पर कर्मेश गुरु की दृष्टि भी रहेगी ।  यह ग्रहस्थिति भारतीय जनता पार्टी एवं सहयोगी पार्टियों को राजनैतिक -बल प्रदान करेगी । इस प्रकार भाजपा को इस संवत में गत वर्ष की अपेक्षा विशेष गरिमा प्राप्त होगी ।
   -----केन्द्रीय शासन सत्ता की घटित घटना के कारण अगामी वर्ष में नवम्बर 13 से मार्च 14 तक की ग्रहस्थिति के अनुसार इस पार्टी को विशेष लाभ मिलेगा । वैसे भी इस पार्टी की कुंडली में शनि +गुरु +राहु की दृष्टि के कारण इस पार्टी का अस्तित्व बना रहेगा । किन्तु -शनि +मंगल +राहु के एकसाथ होने से इस पार्टी के प्रधानपद को सर्वसम्मति से स्वीकार करने में एक राय का न होना भाजपा के हित में नहीं जाता । "
-----ठीक यही बात इस वर्ष संवत {2070}में भी गोचर ग्रहस्थिति के दृष्टि में रखते हुए आज भी भाजपा एवं इससे सम्बंधित पार्टियों के लिए सत्ता प्राप्ति में रूकावट बनेगी । संसद के निर्वाचन -संग्राम में कोई भी एक पार्टी सत्ता में नहीं आ सकेगी ।  पार्टियों में तोड़ -फोड़ एवं नए राजनैतिक संगठन एकत्र होकर ही कांग्रेस या भाजपा शासन पा सकेंगें । परवरी से जुलाई तक शनि +राहु की स्थिति से सुधारात्मक एवं कांग्रेस पार्टी पर आक्रामक रुख भाजपा का बना रहेगा ।
   ----31 मई से 17 अगस्त तक का समय भाजपा के नेतृत्व के बारे में विवाद समाप्त होकर एक राय बनेगी । लेकिन 31 मई से अक्टूबर तक की ग्रहस्थिति किसी वरिष्ठ नेता का पद रिक्त होने का भी संकेत देती है ।
----30अक्टूबर से 4 दिसंबर तक एवं 21 दिसंबर से 30 जनवरी 14 तक गुरु +शुक्र का वक्रत्व एवं गुरु +शुक्र का समसप्तक योग भाजपा में नई शक्ति एवं प्रेरणा को जन्म देगा तथा निर्वाचन के लिए विशेष अवसर भी देगा । महगाई एवं घोटालों को मुद्दा बनाकर भाजपा चुनाव क्षेत्र में उतरेगी ,जिससे पर्याप्त लाभ भी मिलेगा । चुनाव समय से पूर्व भी संभव है ।
       प्रेषकः -ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ -भारत }आजीवन शुल्क -1100 सौ रूपये केवल ज्योतिष जानकारी हेतु संपर्क सूत्र -9897701636 +9358885616 ------

रविवार, 26 मई 2013

"देश -विदेशों में इस पक्ष क्या -क्या हो सकता है ?"

"देश -विदेशों में इस पक्ष क्या -क्या हो सकता है ?"
----"अतिचार गते जीवे वक्री भूते शनैश्चरै । हा !हा !भूतं जगत्सर्वं रुण्ड माला महीतले । । 
भाव --अतिचारी गुरु एवं वक्री शनि डेड़मास पर्यन्त अन्तर्राष्ट्रीयजगत में तहलका मचायेंगें । कहीं युद्ध तो कहीं आतंकी उपद्रवादि के चलते जन संहार हो सकता है । दिनांक -31 मई से वर्ष पर्यन्त मिथुन का गुरु राज विग्रह करायेगा ----"मिथुने च गुरुर्याति तत्राब्दे दारुणं भयं । नृपानां विग्रहतत्र स्वल्पं तोयं भविष्यति । । 
   ---अर्थात ---बहुत ही संघर्ष का योग होगा ,चाहे राजनीति हो ------जल का संकट गहरा सकता है । खाड़ी के देश तेल की ताकत दिखा सकते हैं । दक्षिणी अमेरिका में प्राकृतिक आपदा आ सकती है । महगाई विशेष बढ़ेगी वायु वेग से हानि होगी । राजनीतिज्ञों एवं राजनैतिक पार्टियों के लिए संघर्ष पूर्ण स्थिति होगी । 
--तेजी मंदी विचार ----मिथुन राशि में गुरु ,बुध ,शुक्र के प्रभाव से अनाज ,दाल ,चावल ,चीनी ,खांड ,दूध ,दही ,खोआ ,पनीर एवं हरी सब्जियों में तेजी आयेगी । वाहन आदि मंदे  होंगें । पदार्थों की वृद्धि होने से भाव घटेंगें  भी । वृष - का मंगल लालचंदन ,कुमकुम ,केशर ,कपास ,तथा गुड में तेजी करेगा । 
   आकाश लक्षण ---सूर्य के आगे चलता हुआ शुक्र आंधी -तूफान के साथ वर्षा का कारण बनेगा । 
----जैसे ---सूर्याग्रे च यदा शुक्रस्तदा वृष्टिः सुशोभना -------मरुस्थलों में गर्म -गर्म लूएं चलेंगीं । समतल प्रदेशों में गर्मी बेतहासा पड़ेगी । पर्वतीय क्षेत्रों में घामाछाई सी रहेगी । अल्प वर्षा से राहत मिलेगी । देश के दक्षिण पूर्व संभागों में भरी वर्षा होगी । समुद्री तूफान ,भूकंप महोत्पात भी संभव है । अफ्रीका ,आस्ट्रेलिया ,श्रीलंका,जापान ,थाईलेंड में अकल्पित घटना घट सकती है ।
   प्रेषकः -ज्योतिष सेवा सदन {फेसबुक }

              पंडत कन्हैया लाल झा  शास्त्री {मेरठ -भारत } आजीवन सदस्यता शुल्क 1100-हेल्प लाइन -9897701636 ----

शनिवार, 25 मई 2013

"सन -13+14अर्थात संवत 2070 में विश्व जनीन घटनाओं पर एक नजर ?"

"सन -13+14अर्थात संवत 2070 में विश्व जनीन घटनाओं पर एक नजर ?"
----जगत - का प्रारम्भ घनु लग्न से हो रहा है तथा जगत कुंडली की ग्रह स्थिति से संकेत मिलता है कि मेष राशि में स्थित सूर्य ,मंगल शुक्र ,केतु पर शनि की पूर्ण दृष्टि होने से इस वर्ष -अमेरिका ,अफगानिस्तान ,ईरान ,अरबराष्ट्र,नेपाल ,पाकिस्तान ,कोरिया ,आस्ट्रेलिया ,सीरिया ,बंगलादेश और चीन आदि देशों में विशेष राजनैतिक उपद्रव {संघर्ष },आर्थिक संकट एवं समुद्रतटवर्ती देशों के इलाकों में या भारत के महानगरों में कहीं समुद्री तूफान ,विशेष प्राकृतिक आपदा ,भूकंप अथवा भयंकर बाढ़ से भारी जनधनहानि के योग जुलाई से सितम्बर तक बनेंगें । मुस्लिम राष्ट्रों में कहीं अचानक शासकीय परिवर्तन .कहीं आंतरिक कलह -क्रांति ,कहीं सेना द्वारा सत्ता हथियाना भी सम्भव है ।
  ----भारत की प्रभाव राशि मकर का स्वामी शनि ,राहु के साथ है इन पर मंगल की दृष्टि भी है । अतः भारत के उत्तरांचल ,महाराष्ट्र ,आसाम ,मणिपुर ,उड़ीसा ,जम्मू काश्मीर या बंगाल में भयंकर आतंकियों की गतिविधि पर सरकार को विशेष ध्यान देगा होगा । माओवादी अथवा अन्य ग्रुप भारत के महानगरों में इस वर्ष आघात पहुंचा सकते हैं । इस संवत में कहीं समुद्र तट वर्ती भूभाग पर उग्रवाद ,प्राकृतिक प्रकोप ,भूकंप ,तूफान ,सुनामी आदि से भयंकर हानि के संकेत गोचर ग्रह स्थिति से स्पष्ट नजर आ रहे हैं ----भारत के दक्षिणी भूभाग पर प्राकृतिक प्रकोप का प्रभाव अनुभव होगा ।
    --नव वर्ष प्रवेश तृतीय ,शनिवार को होने से श्रावण से आश्विन के अन्दर एवं माघ -फाल्गुन में विशेष कष्ट पूर्ण घटनाएँ घतेंगी। प्राकृतिक आपदाएं इस वर्ष जनता एवं शासकों के लिए अधिक घातक एवं कष्टप्रद होंगीं ।
---प्रेषकः -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री -ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ -भारत }निःशुल्क ज्योतिष परामर्श एकबार ही मिलेगी शाम -८ से 9 में -दुबारा या आजीवन ज्योतिष जानकारी हेतु शुल्क -1100 -देने होंगें
--ज्योतिष जानकारी के लिए फेसबुक पर मित्र बनना अनिवार्य है ----हेल्प लाइन -9897701636 ---

शुक्रवार, 24 मई 2013

"इस संवत का नाम "पराभव "है क्या हो सकता है इस वर्ष ?"

"इस संवत का नाम "पराभव "है क्या हो सकता है इस वर्ष ?"
---सन 2013 +2014  अर्थात संवत -2070 -का नाम "पराभव "है -ज्योतिष शास्त्रों में "पराभव "नामक संवत्सर का विश्लेषण ---जैसा कि नाम से ही विदित होता है -अपनी -अपनी शक्ति, सामर्थ और बल का प्रयोग करने में कोई भी कम नहीं होंगें ,चाहे राजनीति हो ,सत्ता के लिए युद्ध हो ,चाहे अपनी -अपनी सीमाएं ही क्यों न हो ---जिस की लाठी उसकी भैंस ----सवाल सत्य का या असत्य का नहीं संग्राम हमें जीतना है यही लक्ष सभी का होगा । -------अस्तु ---राजनैतिक दलों में परस्पर शक्तिपरीक्षण की भावना बलवती हो जाएगी । क्षुद्र ,धान्य ,बाजरा ,जौ ,एवं दलवाना आदि की फसल विशेष होगी । वर्षा समयानुसार कम होगी ।
      यथा --"पराभवाब्दे राज्ञां स्यात समरः सह शत्रुभिः । आमयः क्षुद्र सस्यानि प्रभुतान्यल्प वृष्टयः । ।
----किंवा ---इस पराभव संवत्सर में कुछ प्रान्तों में अकाल की स्थिति भी बनेगी । अनाज एवं औषधियों के दाम पहुंच से अधिक होगी - तथा ग्रीष्म ऋतू में वर्षा होगी -----"पीड़िताश्च प्रजाः सर्वाः क्षुधार्ता स्युः पराभवे ।धान्यों ष धानि नश्यन्ति ग्रीष्मे वर्षति माधवः । । ---इस संवत्सर 2070-का राजा देवगुरु वृहस्पति हैं । शासन तंत्र में सुधार ,आर्थिक स्थिति पर विशेष मंथन से नए आयाम उपस्थित होंगें । जनहित की नई -नई योजनाएं बनेंगी ।
     ---वर्तमान पराभव संवत्सर में ---सस्येस एवं नीरसेश दो पद मंगल ग्रह को मिला है,मेघेस ,फलेस तथा दुगेश -ये तीनों पद वर्षेश गुरु शत्रुग्रह शुक्र की मिला है । इस प्रकार 6 प्रमुख पद क्रूर ग्रहों को प्राप्त है --इससे स्पष्ट होता है कि यह संवत --{2070 }अनेक राज्यों में भारी प्राकृतिक आपदाओं से हानी होगी । गोचर ग्रहस्थिति के अनुसार प्रतिष्ठित शासनतंत्र -सत्ता -सुखभोग रहे राजनीतिक दल एवं प्रतिष्ठित नेताओं के लिए संकटपूर्ण समस्याओं को लेकर उपस्थित हो रहा है । इस पराभव - संवत के उत्तरार्ध के लगभग परिणाम राजनीतिक जगत के लिए आश्चर्य जनक सिद्ध होंगें ।
         प्रेषकः -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री -मेरठ भारत ---ज्योतिष परामर्श हेल्प लाइन -9897701636 --समय -शाम -8 से 9 .30 निःशुल्क के लिए दोस्त बनना अनिवार्य है -तथा निःशुल्क एकबार ही सभी मित्रों को मिलेगी ।

"ज्योतिष क्या है ,क्यूँ मानें हम ज्योतिष को ?"

"ज्योतिष क्या है ,क्यूँ मानें हम ज्योतिष को ?"
---ज्योतिष शास्त्रों में --अज्ञात -अलौकिक शक्ति के परिचायक अनंतकोटि तारों एवं ग्रहों के अदृश्य संकेत से संचालित ब्रह्माण्ड में ---कभी भूकंप ,समुद्री -बर्फानी तूफान ,ज्वालामुखी -विस्फोट तथा जनजीवन में उग्र -विनाशक घटनाएँ स्पष्ट अनुभव की गई है ।
      -----अस्तु -----सभी शुभाशुभ घटनाएं मनुष्य की पंहुंच से बाहिर समझी जाती है ,लेकिन जो रहस्य साधारणतः इन्द्रियों की पंहुंच से बाहर है -अथवा भूत ,भविष्य के गर्भ में निहित है ,वे ज्योतिषशास्त्र द्वारा प्रत्यक्ष जान लिए जाते हैं । हमारे ऋषियों -महर्षियों ने उसी ज्योतिष -शास्त्र की रचना की है ,जो कि भारत के लिए गौरव की बात है -------"ज्योतिषा मयनम साक्षाद यत्तदज्ञान मतींद्रियम ।
                                           प्रणीतम भवता येन पुमान वेद परावरम । -{श्रीमदभागवतपुराण}
----दोस्तों ----इस प्रकार जगत्पिता की अदृश्य अलौकिक शक्ति ग्रहों के आकर्षण -विकर्षण के आधार पर ब्रह्माण्ड को प्रभावित करती है --संचालित करती है । ग्रहगतिजन्य--इस परिणाम को हम ईस्वर की इच्छा कहकर स्वीकार करते हैं ।
    ------ग्रहगतिजन्य---प्रभाव से प्रताड़ित समस्त समाज ,व्यक्ति अथवा देश की स्थिति ठीक उस तिनके की भांति ही अनुभव की गई है --जो वायुवेग से प्रताड़ित होकर अपने अस्तित्व को खोकर इधर -उधर भागता फिरता है ।  ये तो सत्य है --आकाशीय पिंडों {ग्रहों } का विश्व में घटनाचक्र से कुछ न कुछ सम्बन्ध अवश्य है -इस तथ्य को वैज्ञानिक ,विचारक एवं बुद्धि जीवियों का एक बड़ा वर्ग स्पष्ट स्वीकार करता है ।
-----इस पृथ्वी पर जो कुछ भी घटित होता है उसे हम अनुभव करते हैं ,वह सब ग्रहों के वक्र -मार्ग आदि का ही परिणाम है ।
     प्रेषकः -ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ -भारत }
                 पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री -हेल्प लाइन -9897701636

बुधवार, 22 मई 2013

"ज्योतिष की दृष्टि में "भारत" का सन 2013+14 कैसा रहेगा ?"

"ज्योतिष की दृष्टि में "भारत" का सन 2013+14 कैसा रहेगा ?"
स्वतंत्र भारत का यह 66+67 वां साल है जिसे ज्योतिष की दृष्टि में संवत -2070 कहेंगें ----इस संवत के अनुसार भारत वर्ष की कुंडली में उच्च स्थित शनि +मंगल की युति है तथा राहु +मंगल एक राशि गोचर में स्थित हैं---अतः सबसे बड़ी बात यह है अगस्त से अक्तुवर के बीच का समय प्रमुख राजनेताओं अर्थात -कन्या ,सिंह ,तुला एवं कुम्भ राशि वालों के लिए उत्तम नहीं है इन राशि के राष्ट्रनायकों को अपनी -अपनी सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना चाहिए । क्योंकि -कन्या राशि का स्वामी बुध इस संवत -2070 -वर्ष की कुंडली में अतिचारी है -तथा कन्या राशि में नीच का शुक्र पर मंगल की दृष्टि भी है और शनि +राहु तुला राशि में है इसके साथ -साथ शनि की सूर्य पर पूर्ण दृष्टि पर रही है --इतना ही नहीं मुन्था {वर्ष कुंडली में }अष्टम भाव में नीच चन्द्र के साथ है ----इसलिए यह साल भारतीय राजनीति में विशेष उथल -पुथल भरा रहेगा और परिवर्तन भी लेकर आयेगा ।
 अस्तु ----केन्द्रीय सहयोगी दल यू .पी .ए .के सहयोगी गठबंधन से अलग होने की सोचने लगेंगें अर्थात अलग हो सकते हैं तथा सत्ता पक्ष को भारी हानि हो सकती है ।
   ------मार्च 2014-ई .से संवत के अंत तक शनि +मंगल  के वक्र स्थिति के कारण आश्चर्य जनक परिणामों वाली भी रहेगी । --अगस्त एवं अक्टूवर तक इन तमाम विपरीत ग्रहों की दृष्टि के कारण समुद्रतटवर्ती क्षेत्र +एवं पर्वती भूभागों पर प्राकृतिक आपदा ,भूकंप ,तूफान ,महानगरों में जन धन की हानि {उग्रवाद के कारण }का संकेत भी है । -----कर्ज --संकट पूरे यूरोप को चपेट में ले लेगा । भारत में भी राजस्व घाटे और मुद्रास्फीति के कारण आर्थिक सुधार प्रक्रिया पर बुरा असर पड़ने के योग हैं ।
----भारत -आर्थिक दृष्टि से विश्व में प्रतिष्ठित देशों में अपना स्थान बना लेगा । आर्थिक प्रगति के क्षेत्र में घोटाले के कारण  भी  हानि हो रही है । हमारे महामहिम राष्ट्र पति जी को भी भारत की राजनैतिक -परिस्थिति चिंतित कर सकती है ।
नोट --इस वर्ष -18अगस्त से 5 अक्टूवर तक ,एवं 1 मार्च 2014 से संवत के अंत तक का राजनीति का समय उथल -पुथल भरा रहेगा ।
-----प्रेषकः पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री {मेरठ -भारत }
 

मंगलवार, 21 मई 2013

"संवत 2070अर्थात 2013+2014 में जलवायु की कैसी रहेगी स्थिति ?"

"संवत 2070अर्थात 2013+2014 में जलवायु की कैसी रहेगी स्थिति ?"
इस साल सप्तवायु में से "विवह " नामक वायु प्रभावी होगी । इस विवह वायु के प्रभाव से विस्व के दक्षिणी और पश्चिमी भूभाग पर तथा समुद्र तद्वर्ती कुछ भूभागों पर समुद्री तूफान ,भूचाल ,के साथ -साथ भूमध्यगत पृथ्वी पर वायु तरंगों से भारी हानि होगी । कहीं -कहीं बाढ़ से भी भारी तबाही मचेगी ।
         अस्तु -----इस वर्ष रोहिणी का निवास "समुद्र "में होने के कारण कुछ राज्यों में अतिवृष्टि अर्थात भरी वर्षा होगी --{इसका मतलब की कहीं सुनामी एवं कहीं बाढ़ की स्थिति रहेगी }---कहीं ज्वालामुखी प्रस्फुटित होगी तो कहीं भूचाल से हानि होगी ।
       ---संवत --2070 में जल का स्तर -केवल 25.7 है --जिस कारण से पंजाब ,हरियाणा ,आदि राज्यों में जल आवश्यकतानुसार नहीं प्रकृत देगा किन्तु पृथ्वी के दक्षिणी भूभाग पर विशेष वर्षा से हानी होगी ।
-------- इस साल "वायु का स्तर 96 प्रतिशत रहेगा ---इसके प्रभाव से इस साल पृथ्वी के अंतराल में "सीस्मो ग्राफिक वेवज "सक्रीय होगी और --भूकंप ,सुनामी टाटा ज्वालामुखी -विस्फोट से जन तथा धन की विशेह क्षति होगी । यह स्थिति देशी + विदेशी समुद्री भूभाग पर विशेष रूप से घटित होगी ।
      प्रेषक -ज्योतिष सेवा सदन {मेरठ -भारत }
निःशुल्क ज्योतिष सेवा केवल एकबार संपर्क सूत्र द्वारा -7.30 से 9.30 शाम को प्राप्त करें मित्र बनकर फेसबुक पर ---हेल्प लाइन -9897701636 +9358885616 --
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सोमवार, 20 मई 2013

"संवत 2070 में "तम "नामक मेघ की स्थिति कैसी रहेगी ?।"

"संवत 2070 में "तम "नामक मेघ की स्थिति कैसी रहेगी ?।"
इस वर्ष का मेघ का नाम "तम "है । सही अनुपात में वर्षा नहीं होने से अनेक प्रकार के कष्टों से जनता दुखी रहेगी । संवर्तक नामक मेघ होने से दक्षिण भारत में वर्षा विशेष होगी । अनेक जगहों पर बाढ़ से तबाही भी मचेगी । अस्तु ---आर्द्रा प्रवेश कुंडली के अनुसार वृष लग्न में सूर्य -आर्द्रा नक्षत्र में प्रवेश करेंगें -तदनुसार चन्द्र पर मंगल की दृष्टि जल के लिए शोषक है --जिसका प्रभाव अनेक राज्यों में विशेषकर उत्तर भारत में वर्षा का आभाव हो सकता है । एवं शनि +राहु और मंगल का षडाष्टक योग ,सूर्य से पंचम राहु +शनि ,छठे नीच चन्द्र इत्यादि के कारण इस वर्ष कहीं अकाल कली स्थिति हो सकती है । किन्तु दक्षिण भारत में -महाराष्ट्र ,उड़ीसा ,केरल ,तमिलनाडु आदि राज्यों में भयंकर बाढ़ ,समुद्रजन्य विनाश हो सकता है । कहीं सूखे से फसलों को हानि होगी तो कहीं बाढ़ व् अन्य प्राकृतिक प्रकोप के कारण त्राहि -त्राहि मचेगी । किसान एवं जनता हो कष्ट होगी ।
      यथा ----वह्नि -वेदांत -नंदेंदा एतत संख्यासु भास्करः ।
                    तिथिश्वसा यदा याति कष्टदः शेषके शुभः । ।
प्रेषकः -पंडित कन्हैयालाल झा शास्त्री {मेरठ -भारत }